अगर आप central government employee हैं या फिर आपके घर में कोई sarkari नौकरी करता है, तो आपने पिछले कुछ महीनों में एक नाम बार-बार सुना होगा – Dr. Manjeet Singh Patel। यह आदमी हर जगह interview दे रहा हैं, 8th Pay Commission को लेकर के बाते कर रहा हैं, यह नाम 8th Pay Commission की चर्चाओं में सबसे ज्यादा सुर्खियों में क्यों है? आज हम विस्तार से समझते हैं कि आखिर मंजीत पटेल कौन हैं और central government employees के लिए उन्होंने क्या-क्या मांगें रखी हैं।

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Dr. Manjeet Singh Patel कौन हैं?
Dr. Manjeet Singh Patel एक बेहद प्रभावशाली नाम हैं जब बात आती है central government employees के अधिकारों की। वह All India NPS Employees Federation (AINPSEF) के National President हैं। यह संगठन देशभर में लगभग 5 लाख से अधिक सदस्यों का प्रतिनिधित्व करता है।
साथ ही, वह Central Government Employees Confederation Delhi के Chairman भी हैं। इसका मतलब यह है कि जब भी central government employees की salary, pension, या benefits की बात होती है, तो Dr. Patel उन लाखों कर्मचारियों की आवाज बनकर सामने आते हैं
Dr. Patel खुद Directorate of Education, Government of NCT of Delhi में काम करते हैं। उन्होंने कई बार finance ministry के अधिकारियों से मुलाकात की है और employees के मुद्दों को उठाया है। वह सोशल मीडिया पर भी काफी सक्रिय रहते हैं और employees को latest updates देते रहते हैं।
यह आदमी सिर्फ एक union leader नहीं है – यह वह व्यक्ति है जिसने 8th Pay Commission के Terms of Reference (ToR) पर government के साथ बैठकों में हिस्सा लिया है। जब भी कोई बड़ा निर्णय होता है, media Dr. Patel से बात करती है क्योंकि वह ground reality को सबसे अच्छे से समझते हैं। हमेशा वो अपने सोशल मीडिया पे भी, 8th Pay Commission realted बातों को शेयर करते हैं |
8th Pay Commission क्या है?
चलो, थोड़ा background समझ लेते हैं। Pay Commission हर 10 साल में central government employees की salary, pension, और allowances को revise करने के लिए बनाई जाती है।
- 7th Pay Commission 1 जनवरी 2016 को लागू हुआ था
- इसकी अवधि 31 दिसंबर 2025 को खत्म हो गई
- 8th Pay Commission तकनीकी रूप से 1 जनवरी 2026 से प्रभावी है
- लेकिन, सरकार ने अभी तक formal notification नहीं दिया है
सरकार ने November 2025 में 8th Pay Commission के Terms of Reference को approve कर दिया था। Former Supreme Court Justice Ranjana Prakash Desai को इसका Chairperson बनाया गया है। Commission को अपनी report तैयार करने के लिए 18 महीने का समय मिला है।
Dr. Manjeet Patel की 5 बड़ी मांगें कौन-सी हैं?
अब आते हैं असली मुद्दे पर। चूँकि आप समझ लिए कि Manjeet patel कौन हैं, उनका Background भी हमने बता ही दिया, अब जो main मुद्दा हैं, Dr. Patel ने AINPSEF की तरफ से 8th Pay Commission के लिए कई महत्वपूर्ण demands रखी हैं। आइए, एक-एक करके समझते हैं:
1. Fitment Factor को 2.64 तक बढ़ाया जाए
यह सबसे बड़ी और सबसे important demand है।
Fitment Factor क्या होता है?
Fitment factor एक multiplier है जो आपकी current basic salary को new basic salary में convert करता है। जैसे:
- अगर आपकी basic salary ₹18,000 है
- और fitment factor 2.64 है
- तो नई basic salary = ₹18,000 × 2.64 = ₹47,520
7th Pay Commission में यह factor 2.57 था। Dr. Patel की demand है कि 8th Pay Commission में इसे 2.64 किया जाए।
क्यों 2.64?
Dr. Patel का कहना है कि:
- पिछले 10 सालों में Dearness Allowance (DA) 58% तक पहुंच गया है
- दो annual increments का प्रभाव भी जोड़ना होगा (लगभग 7%)
- Family unit को 3 से बढ़ाकर 5 करना चाहिए (20% increase)
- Inflation adjustment भी करनी होगी (15% minimum)
इन सभी factors को मिलाकर, fitment factor 2.13 से लेकर 2.64 के बीच हो सकता है।
इससे कितना फायदा होगा?
आइए, कुछ उदाहरण देखते हैं:
| Current Basic Pay | 2.13 Fitment Factor | 2.64 Fitment Factor |
| ₹18,000 | ₹38,340 | ₹47,520 |
| ₹35,400 | ₹75,402 | ₹93,456 |
| ₹50,000 | ₹1,06,500 | ₹1,32,000 |
| ₹1,00,000 | ₹2,13,000 | ₹2,64,000 |
देखिए, अंतर कितना बड़ा है! यही वजह है कि यह demand इतनी महत्वपूर्ण है।और इसकी मांग कर रहे हैं?
2. Family Unit को 3 से बढ़ाकर 5 करने की मांग
Current System क्या है कि 7th Pay Commission में minimum wage calculate करते समय family unit को इस तरह लिया जाता है:
- पति (employee) = 1 unit
- पत्नी = 0.8 unit
- दो बच्चे = 0.6 unit each
- Total = 3 units
Dr. Patel का कहना है कि modern Indian society में यह calculation outdated हो गया है। उनकी demand:
- पति (employee) = 1 unit
- पत्नी = 0.8 unit
- दो बच्चे = 0.6 unit each (1.2)
- दो बुजुर्ग माता-पिता = additional units
- Total = 5 units (या कम से कम 3.5-4 units)
और इसका इम्पैक्ट भी होने वाला हैं, अगर family unit 3 से बढ़कर 3.5 या 4 हो जाता है, तो fitment factor में automatic 15-20% की वृद्धि हो जाएगी। यही वजह है कि Dr. Patel ने कहा, “इससे fitment factor automatically improve होगा और average employee भी आसानी से समझ सकेगा। तो जो कर्मचारी है उनक्को इसका फायदा ज्यादा मिलेगा|
DA (Dearness Allowance) पर Manjeet Patel का Unique Proposal क्या हैं ?
Problem क्या है कि जब भी नया Pay Commission लागू होता है, तो:
- Entire accumulated DA को basic pay में merge कर दिया जाता है
- DA फिर से 0% से start होता है
For example:
- Basic Pay = ₹50,000
- DA (58%) = ₹29,000
- Total = ₹79,000
New Pay Commission के बाद:
- New Basic Pay (with fitment factor 2.57) = ₹1,28,500
- DA = 0%
- Total = ₹1,28,500
देखने में तो यह अच्छा लगता है, लेकिन एक problem है।
Dr. Patel का Analysis
Dr. Patel ने कहा कि January 2028 तक (जब 8th Pay Commission implement होगा), DA लगभग 74% तक पहुंच सकता है।
अगर 74% DA को पूरा basic में merge कर दिया, तो employees को लगेगा कि उन्हें ज्यादा benefit नहीं मिला।
Manjeet Patel का Innovative Solution
Dr. Patel ने यह proposal दिया:
- केवल 50% DA को basic pay में merge करो
- Remaining 24% DA को continue रखो
इससे क्या होगा?
- Employees को लगेगा कि उन्हें DA का फायदा मिल रहा है
- Basic pay भी बढ़ेगी (50% DA merge होने से)
- Psychological satisfaction भी रहेगी
यह एक middle path है जो employees के favor में है।
8th Pay Commission का Timeline क्या है ? और कब मिलेगी बढ़ी हुई Salary?
Current Status (January 2026):
- Terms of Reference approve हो गए (November 2025 में)
- Justice Ranjana Prakash Desai को Chairman बनाया गया
- Commission को 18 महीने का time दिया गया report के लिए
- अब सुनने में आया है कि office भी मिल चूका हैं, वो लोग काम भी कर रहे हैं |
Arrears कैसे मिलेंगे?
Dr. Patel ने confirm किया है कि:
- 8th Pay Commission को 1 जनवरी 2026 से effective माना जाएगा
- चाहे implementation 2027 में हो या 2028 में
- Arrears 1 जनवरी 2026 से calculate होंगे
- Historically, सरकार arrears lump sum में देती है, installments में नहीं
उन्होंने Financial Loss की भी चिंता जताई है की
Dr. Patel ने एक important point उठाया है:
- Delay की वजह से employees को HRA और TA के arrears नहीं मिलेंगे
- Normally ये arrears retrospectively नहीं दिए जाते
- एक Level 8 officer को लगभग ₹3.5-4 लाख का नुकसान हो सकता है
अब नीचे मैं एक ट्विटर अभी इमेज वायरल हुआ था, उसमें देख सकते है कि कितना नुक्सान हो सकता हैं, employees को|
तो इनकी कुछ डिमांड रही है 8th Pay Commission को लेकर के, आप मेरे इस वेबसाइट से जुड़े रहिये, मैं आपको बताऊंगा कोई भी नया अपडेट अगर आता हैं, 8th Pay commission को लेकर के | मंजीत पटेल से जुडी सारी बातें भी बताऊंगा | तो चिंता न कीजिये हर अपडेट आपको मिलता रहेगा |
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
1. Dr. Manjeet Singh Patel कौन हैं?
Dr. Patel All India NPS Employees Federation (AINPSEF) के National President और Central Government Employees Confederation Delhi के Chairman हैं। वे 5 लाख से अधिक केंद्रीय कर्मचारियों का प्रतिनिधित्व करते हैं।
2. Dr. Patel Fitment Factor 2.64 क्यों मांग रहे हैं?
उनका तर्क है कि 58% DA, 7% annual increment प्रभाव, 20% family unit वृद्धि और 15% inflation adjustment — इन सभी को जोड़ने पर Fitment Factor 2.13 से 2.64 के बीच होना चाहिए।
3. Family Unit को 3 से 5 करने का क्या मतलब है?
वर्तमान में Minimum Wage calculate करते समय Family Unit 3 मानी जाती है। Dr. Patel चाहते हैं कि बुजुर्ग माता-पिता को भी इसमें शामिल किया जाए, जिससे Family Unit 4-5 हो और Minimum Wage की गणना अधिक यथार्थवादी हो।
4. DA का Partial Merge क्या होता है?
Dr. Patel का प्रस्ताव है कि नए वेतन आयोग में केवल 50% DA को Basic Pay में Merge किया जाए, शेष 50% DA को बनाए रखा जाए। इससे कर्मचारियों को मनोवैज्ञानिक और वित्तीय दोनों रूप से अधिक लाभ महसूस होगा।
5. HRA और TA के Arrears क्यों नहीं मिलते?
परंपरागत रूप से Basic Pay और DA के Arrears दिए जाते हैं, लेकिन HRA और TA के Arrears retrospective रूप से नहीं दिए जाते। Dr. Patel इसे बदलने की मांग कर रहे हैं क्योंकि देरी से Level 8 तक के अधिकारियों को ₹3-4 लाख तक का नुकसान हो सकता है।